ब्रेकिंग
सीने में दर्द और मिली पेट सफा की गोलियां… एक महीने खाने के बाद हुआ ये हाल सलकनपुर में टैक्सी का हुआ ब्रेक फेल, बिजली के खंभे से टकराई... 5 श्रद्धालु हो गए घायल दो नशेड़‍ियों की दोस्ती, एक शराब नहीं लाया तो दूसरे ने पेट में गुप्ती मारकर कर दी उसकी हत्या संसद में प्रियंका गांधी की एंट्री, कांग्रेस की सियासत में क्या-क्या बदलेगा? संभलः सर्वे के फैसले पर सुप्रीम कोर्ट को आपत्ति, निचली अदालत को एक्शन न लेने का आदेश दुनिया में झलक रही भारतीय संस्कृति… PM मोदी ने शेयर किया अनेक देशों में स्वागत का वीडियो 1700 मकानों में आई दरारें, दहशत में घर छोड़ने को मजबूर हुए लोग! दूल्हा बने भैया निकले बारात लेकर, छोटा पहले ही भगा ले गया लड़की… शादी किसकी हुई? हाथ में संविधान की कॉपी लेकर प्रियंका गांधी ने ली संसद सदस्य की शपथ, राहुल के पीछे चौथी पंक्ति में ज... जब-जब मुख्यमंत्री चुनने में बीजेपी को लगे 72 घंटे, तब-तब सरप्राइज चेहरे की हुई एंट्री

एमपी ट्रांसको ने ऊर्जीकृत किया प्रदेश का पहला 220 के.व्ही. 50 एम.व्ही.ए.आर. क्षमता का बस रियेक्टर

भोपाल : एम.पी. ट्रांसको ने अपने 220 के.व्ही. सबस्टेशन पांढुर्ना में नवाचार करते हुए प्रदेश का पहला 50 एम.व्ही.ए.आर. क्षमता का बस रियेक्टर स्थापित कर ऊर्जीकृत करने में सफलता पायी है। ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने इस उपलब्धि के लिए एम.पी. ट्रांसको के सभी कार्मिकों को बधाई देते हुए कहा कि करीब 8 करोड़ 67 लाख रूपये की लागत से स्थापित इस रियेक्टर के ऊर्जीकृत होने से अंतर्राज्यीय विद्युत पारेषण सुगम हो जायेगा।

मंत्री तोमर ने कहा कि मध्यप्रदेश ने पहली बार 220 के.व्ही. वोल्टेज की बस पर 50 एम.व्ही.ए.आर. क्षमता का रियेक्टर ऊर्जीकृत किया है। इससे जहाँ ग्रिड अनुशासन का सुगमता से पालन हो सकेगा, वहीं पाढुंर्ना और महाराष्ट्र के कलमेश्वर सब-स्टेशन के मध्य में 220 के.व्ही. लाइन द्वारा महाराष्ट्र से अंतर्राज्यीय विद्युत का आदान-प्रदान नियंत्रित किया जा सकेगा।

मध्यप्रदेश पावर ट्रांसमिशन कपंनी को रियेक्टिव पावर फीड होने के कारण लगने वाली संभावित पेनाल्टी देने से बचाने और क्षेत्र में हाई वोल्टेज की समस्या का समाधान करने के लिए मध्यप्रदेश पावर ट्रांसमिशन कपंनी के अधीक्षण अभियंता संजीव श्रीवास्तव ने इस रियेक्टर की डिजाइन और तकनीकी पैरामीटर सहित अन्य प्रक्रिया पूरी करायी।

हाई वोल्टेज को भी किया जा सकेगा नियंत्रित

बस रियेक्टर के ऊर्जीकृत होने से पांढुर्ना से जुडे़ 132 के.व्ही. सबस्टेशन मुल्ताई एवं बोरगांव को भी फायदा होगा, जहाँ कम लोड होने की दशा में हाई वोल्टेज के कारण समस्या आती थी।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.