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मुख्यमंत्री चौहान ने आदि क्रांतिकारी वासुदेव बलवंत फड़के को किया नमन

भोपाल : मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आदि क्रांतिकारी श्री वासुदेव बलवंत फड़के की पुण्य-तिथि पर उन्हें नमन किया। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने निवास कार्यालय स्थित सभागार में उनके चित्र पर माल्यार्पण कर पुष्पांजलि अर्पित की।

श्री वासुदेव बलवंत फड़के का जन्म 4 नवंबर 1845 को कोकण के केल्शी गाँव में हुआ था। वे ब्रिटिश काल में किसानों की दयनीय दशा को देखकर विचलित हो उठे थे। वासुदेव बलवन्त फड़के भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के आदि क्रांतिकारी थे। उन्होंने स्वतंत्रता प्राप्ति के लिए सशस्त्र मार्ग का अनुसरण किया। कोली, भील तथा धांगड जातियों को एकत्र कर उन्होंने “रामोशी” नाम का क्रांतिकारी संगठन खड़ा किया। मुक्ति संग्राम के लिए धन एकत्रित करने उन्होंने धनी अंग्रेज साहूकारों को लूटा।

फड़के 20 जुलाई 1879 को बीजापुर में पकड़ में आ गए। अभियोग चलाकर उन्हें काले पानी का दंड दिया गया। कारागार में 17 फरवरी 1883 को आदि क्रांतिकारी श्री वासुदेव बलवंत फड़के का निधन हो गया ।

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने टवीट किया है कि – “माँ भारती की परतंत्रता की बेड़ियों को तोड़ने के लिए सशस्त्र संगठन ‘रामोशी’ बनाकर ब्रिटिश सरकार की नींद उड़ा देने वाले महान स्वतंत्रता सेनानी वासुदेव बलवंत फड़के जी के बलिदान दिवस पर उनके चरणों में श्रद्धा सुमन अर्पित करता हूँ। आप सदैव भावी पीढ़ियों के लिए नायक रहेंगे।”

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