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विश्व हिंदू परिषद इंदौर द्वारा निकाली गई संविधान सम्मान यात्रा, इंदौर से महू तक विभिन्न स्थानों पर हुआ जोरदार स्वागत

रविवार सुबह इंदौर के चिमनबाग मैदान से विश्व हिंदू परिषद इंदौर द्वारा संविधान सम्मान यात्रा निकाली गई विहिप के पदाधिकारियों ने बताया कि आजादी के बाद से ही हिंदू विरोधी शक्तियां संविधान का हवाला देकर हमेशा हिंदू और हिंदुत्व का विरोध ही करती रही हैं, आरोप है कि ऐसे हिंदू विरोधी लोगों के निशाने पर हमेशा ही अनुसूचित जाति और जनजाति के लोग होते हैं जिन्हें धर्म से दूर करने का प्रयास लंबे समय से किया जा रहा है वही फर्जी सेकुलरिज्म सिर्फ हिंदुओं पर ही थोपा जा रहा है सेकुलरिज्म के नाम पर हमेशा से संविधान का हवाला दिया गया है लेकिन यह कभी नहीं बताया गया कि संविधान में भी हिंदुत्व के प्रतीक चिन्ह अंकित है वही हिंदू विरोधी शक्तियों ने अपने एजेंडे के चलते कभी भी बाबा भीमराव अंबेडकर का पूरा नाम सामने नहीं आने दिया बताते हैं कि बाबा साहब अंबेडकर अपने हस्ताक्षर में डॉक्टर भीमराव रामजी आंबेडकर लिखते थे

रामजी अंबेडकर बाबा साहब के पिताजी का नाम था वर्तमान में राम के नाम पर कई बवाल हो चुके हैं साथ ही राम का नारा लगाने पर भी कई हिंदू विरोधी शक्तियां सेकुलरिज्म का चोला ओढ़कर भोले भाले और पढ़े लिखे हिंदुओं को बरगलाने से बाज नहीं आती ऐसे ही तथ्य जो हिंदुत्व के प्रतीक चिन्ह होकर संविधान में अंकित है उन्हें आम जनमानस के बीच पहुंचाने के उद्देश्य वही इस यात्रा को लेकर आयोजको ने शनिवार सुबह से ही चिमनबाग मैदान पर तैयारियां शुरू कर दी थी, यात्रा रविवार विहिप द्वारा निकाली गई इस यात्रा की शुरुआत चिमन बाग मैदान से जो शहर के विभिन्न मार्गो से होते हुए बाबा साहब अंबेडकर की जन्मस्थली महू पर समाप्त हुई ,विहिप के पदाधिकारियों ने यात्रा में रथ पर संविधान की प्रति भी रखी थी, जिसे आम लोगों के दर्शनार्थ रखा था, जिसे समापन पर बाबा साहब अंबेडकर की जन्मस्थली महू में रखा रखा गया यात्रा में बड़ी संख्या में विहिप व बजरंग दल के कार्यकता मौजूद रहे। यात्रा मार्ग पर बड़ी संख्या में विभिन्न समाजों के व संस्थाओं द्वारा विभिन्न स्थानों पर संविधान सम्मान यात्रा का स्वागत पुष्प वर्षा कर स्वागत किया

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