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भारतीय संस्कृति सनातन ज्ञान और संस्कार की प्रणेता : राज्यपाल पटेल

भोपाल : राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा है कि भारतीय संस्कृति सारी दुनिया के सनातन ज्ञान और संस्कार की प्रणेता है। मानव मात्र के कल्याण के लिए त्याग और तपस्या की ऋषि-मुनियों की समृद्ध परम्परा और उनका ज्ञान ही हमारी संस्कृति की अमूल्य विरासत है। उन्होंने कहा कि महर्षि गौतम का न्याय दर्शन बताता है कि प्रमाणों के आधार पर किसी निर्णय पर पहुँचना ही न्याय है। न्याय दर्शन हमारे चिंतन का गौरव, वैज्ञानिकता का शायद सबसे पुराना प्रमाण है।

राज्यपाल श्री पटेल महर्षि गौतम जयंती समारोह 2022 की स्मृति को यादगार बनाने के लिए जारी विशेष आवरण और विरूपण मुहर के अनावरण कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम का आयोजन मुख्य पोस्ट मास्टर जनरल मध्यप्रदेश डाक परिमंडल के द्वारा किया गया था।

राज्यपाल श्री पटेल महर्षि गौतम जयंती समारोह 2022 को संबोधित कर रहे थे। महर्षि गौतम जयंती समारोह 2022 की स्मृति को यादगार बनाने के लिए जारी विशेष आवरण और विरूपण मुहर अनावरण कार्यक्रम का आयोजन मुख्य पोस्ट मास्टर जनरल मध्यप्रदेश डाक परिमंडल के द्वारा किया गया था।

राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि राष्ट्र गौरव के जागरण के लिए युवाओं, भावी पीढ़ी को स्वाभिमान, बलिदान के संस्कार देने और अनुसरण के लिए प्रेरित करने के कार्यों की निरंतरता जरूरी है। राष्ट्र का भविष्य भी तभी उज्ज्वल होगा, जब वह अपने अतीत के अनुभवों और विरासत के गर्व से पल-पल जुड़ा रहे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी जी हमारी गौरवशाली सांस्कृतिक विरासत से भावी, युवा पीढ़ी को परिचित और भविष्य की चुनौतियों का सामना करने में सक्षम और सशक्त पीढ़ी निर्माण के प्रयास कर रहे हैं। आजादी का अमृत महोत्सव भारतीय संस्कृति के अतीत के गौरव से भावी और युवा पीढ़ी को परिचित कराने का प्रयास है। उन्होंने भारतीय संस्कृति के जीवन मूल्यों और संस्कारों को भावी पीढ़ी के आचरण में उतारने के लिए समाज द्वारा प्रयासों की जरूरत बताई। उन्होंने कहा कि ज्ञान लेना पर्याप्त नहीं है, उसे जीवन में उतारना भी जरूरी है। महापुरुषों के स्मरण कार्यक्रमों की सार्थकता तभी है, जब उनके बताए मार्ग का जीवन में अनुसरण किया जाए।

मुख्य पोस्ट मास्टर जनरल श्री बी.पी. सांरगी ने बताया कि विभाग द्वारा समारोह की स्मृतियों को बनाए रखने के क्रम में महर्षि गौतम पर विशेष आवरण और विरूपण मोहर को जारी किया गया है। उन्होंने बताया कि इस क्रम में आज़ादी के अमृत महोत्सव पर 6, भौगोलिक सूचकांक टैग पर 4, स्वर्गीय लता मंगेशकर पर एक और बिरजू महाराज पर एक विशेष आवरण भी जारी किया गया है।

डाक विभाग के निदेशक डॉ. एस. शिवराम ने आभार माना। संचालन अभिषेक चौबे ने किया। महामंत्री गुर्जर गौड़ ब्राह्मण महासभा डॉ. लखन शर्मा ने महर्षि के जीवन और योगदान की रूप रेखा पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन से हुआ। राज्यपाल का शॉल, श्रीफल और पगड़ी पहनाकर सम्मान किया गया।

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