विद्यार्थियों के समग्र मूल्यांकन की आदर्श पद्धति करें निर्मित
भोपाल : स्कूल शिक्षा (स्वतंत्र प्रभार) और सामान्य प्रशासन राज्य मंत्री श्री इंदर सिंह परमार ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान की मंशा अनुरूप राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के ड्राफ्ट के अनुसार विद्यार्थियों के समग्र मूल्यांकन की आदर्श पद्धति निर्मित करें। राज्य मंत्री श्री परमार मंत्रालय में माध्यमिक शिक्षा मंडल की समीक्षा कर रहे थे। श्री परमार ने कहा कि श्रेष्ठ नागरिक के व्यक्तित्व निर्माण के लिए अन्य राज्यों की भाषा सीखने की रुचि, खेलकूद और सांस्कृतिक उपलब्धियाँ, सामाजिक और पर्यावरण-संरक्षण में किए गए प्रमुख कार्यों को भी विद्यार्थियों के मूल्यांकन में शामिल करें।
समीक्षा में राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 में समग्र मूल्यांकन की योजना, वर्ष 2022 में आयोजित परीक्षाओं के प्रश्न-पत्रों के विश्लेषण, वर्ष 2022-23 में मण्डल द्वारा आयोजित प्रशिक्षण, वित्त वर्ष 2020-21 एवं 2021-22 के आय-व्यय की समीक्षा, मण्डल में प्रतिनियुक्ति पर पदस्थ विभागीय अमला, मॉडल विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों के स्थाईकरण की नीति आदि विषयों पर चर्चा की गई।
राज्य मंत्री श्री परमार ने “आजादी का अमृत महोत्सव” को समर्पित आदर्श उच्च माध्यमिक विद्यालय, टी टी नगर भोपाल की वार्षिक पत्रिका “प्रस्तुति” का विमोचन भी किया। सचिव श्री श्रीकांत बनोठ और उप सचिव डॉ. प्रियंका गोयल, प्राचार्य श्रीमती रेखा शर्मा, उप प्राचार्य श्री आर.के.श्रीवास्तव और संपादक समिति के सदस्य उपस्थित रहे।
Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.