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ब्लैक लिस्टेड कंपनी से जिलों में खरीद लिए 18 करोड़ रु . के बीज

भोपाल | कृषि एवं किसान कल्याण संचालनालय ने एक बीज कंपनी को गड़बड़ियों के चलते ब्लैक लिस्ट तो किया , लेकिन यह आदेश जिलों तक पहुंचा ही नहीं  जिलों में ब्लैक लिस्टेड कंपनी से करोड़ों रुपए के बीज खरीद लिए गए । यह जांच का विषय है कि जिलों में पत्र नहीं पहुंच पाने के पीछे क्या कंपनी को ब्लैक लिस्ट करने का आदेश पत्र हमारे कार्यालय को नहीं मिला नोटिस के जवाब में संचालनालय को पत्र नहीं मिलने की जानकारी दे दी है ।ऐसे में प्रतिबंध आदेश का उल्लंघन नहीं किया गया । कृषि एवं किसान कल्याण विभाग ने शिकायतों के बाद जांच में पाया कि बायोसीड कंपनी हैदराबाद नाफरमानी पर जिलों को थमाए नोटिस खरीदी पर रोक लगाने वाला पत्र जिलों तक पहुंचा ही नहीं या भेजा ही नहीं गया । नतीजे में अभी भी लिस्टेड कंपनी से मध्यप्रदेश में करोड़ों रुपए की बीज खरीदी हो रही है ।

संचालनालय से ब्लैक लिस्ट करने वाला पत्र बीज के बजाय कर्जमाफी आज तक ब्लैक लिस्ट करने वाला संचालनालय का पत्र नहीं मिला न कभी इसके बारे में सुना है और न ही कभी इसको देखा । छत्तीसगढ़ में गड़बड़ियों के कारण ब्लैक लिस्टेड है । बावजूद बायोसीड कंपनी इस सच्चाई को छिपाकर मध्यप्रदेश के कृषि विभाग में करोड़ों रुपए के बीज सप्लाई कर रही थी ऐसे में कंपनी के उत्पादों को ब्लेक लिस्ट करके प्रदेश के सभी जिलों हास्यास्पद स्थिति यह है कि जो ब्लैक लिस्ट करने वाला फरमान जिलों को दिया ही नहीं गया

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