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गाडगिल सागर बांध के जल भराव से फसल नष्ट, 18 वर्षों से ग्राम उगरान का किसान परेशान

नीमच: काका गाडगिल सागर के जलभराव से किसानों की फसल नष्ट हो रही है। जिसको लेकर किसान लंबे समय से परेशान है, और न्याय की मांग को लेकर दर-दर भटक रहे हैं। ऐसा ही एक मामला नीमच जिले की जीरन तहसील का है। यहां के ग्राम उगरान का एक किसान नवरतनदास बैरागी के खेत में पिछले 18 वर्षों से काका गाडगील बांध से जल भराव हो रहा है।जिसके अनेकों आवेदन हर विभाग में दिए गए किंतु उसे न्याय नहीं मिला। यहां तक कि सीएम हेल्पलाइन पर भी शिकायत दर्ज करवाई तो अधिकारियों ने शिकायत बंद करवाने का दबाव बनाया। किसान नवरतनदास बैरागी ने बताया कि मेरे पिताजी के स्वामित्व आधिपत्य की कृषि भूमि सर्वे क्रमांक 203 रकबा 1.10 हेक्टेयर भूमि ग्राम उगरान में स्थित है। उक्त भूमि काका गाडगील बांध के डूब क्षेत्र में होने के कारण जल भराव से फसलों को नुकसान होता है।वर्ष 2006 से की जा रही मांगवर्ष 2006 से मेरे द्वारा आवेदन देकर मांग की जा रही है कि उक्त डूब क्षेत्र का मुआवजा दिया जाए। जिससे खेत पर मिट्टी डलवाकर उसे ऊंचा किया जाए। लेकिन, अभी तक सरकार से न्याय नहीं मिला और मैंने विगत वर्षों से जितने भी कलेक्टर बदले हैं, उन सभी को आवेदन दिया। जीरन तहसीलदार को आवेदन दिया, यहां तक कि मंदसौर सिंचाई विभाग में आवेदन दिया परंतु कोई सुनवाई नहीं हुई।CM हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराईसिंचाई विभाग ने रकबा 0.08 हेक्टेयर असिंचित भूमि का मुआवजा दिया है, लेकिन मेरी फसल का मौके पर पूरा रकबा 1.10 हेक्टेयर डूबा हुआ है। मैंने सीएम हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज करवाई। फिर भी कोई सुनवाई नहीं होती है। पिछले 18 वर्षों से कोई अधिकारी, जनप्रतिनिधि, नेता यहां देखने नहीं आए, और ना ही विधायक आए।

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