मानसिक रूप से थे परेशान; घर के ग्राउंड फ्लोर पर गमछे से लगाया फंदा
पानीपत: हरियाणा के पानीपत शहर के सेक्टर 18 में एक मकान में सीनियर एडवोकेट ने संदिग्ध परिस्थितियों में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। परिजनों के मुताबिक आत्महत्या का कारण उनकी मानसिक परेशानी है। एडवोकेट बीती रात परिवार के साथ सोए थे।सुबह परिजन उठे तो उन्हें घर के ग्राउंड फ्लोर के कमरे में फंदे पर लटके हुए मिले। घटना की सूचना पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जरूरी साक्ष्य जुटाकर शव को सिविल अस्पताल भिजवाया। जहां परिजनों के बयानों के आधार पर आगामी कार्रवाई शुरू कर दी।तीन बच्चों का पिता था, 22 सालों से कर रहे वकालत की प्रेक्टिससेक्टर 13-17 थाना पुलिस के अनुसार सेक्टर 18 में रहने वाले ईश्वर सिंह सरोहा (53) ने घर में ही फंदा लगाकर आत्महत्या की है। पुलिस ने बताया कि सरोहा जिला बार एसोसिएशन में पिछले करीब 22 सालों से वकालत की प्रैक्टिस कर रहे हैं। वह तीन बच्चों के पिता थे।जिनमें दो बेटियां चंडीगढ़ पढ़ाई कर रही है, जबकि 20 वर्षीय बेटा रोनक आगामी एक-दो माह के भीतर कनाडा स्टडी बेस पर जाने वाला है पुलिस ने बताया कि सेक्टर 18 के जिस मकान में एडवोकेट रहते थे, उसके ग्राउंड फ्लोर पर किराएदार रहते थे, जो कि कुछ ही दिनों पहले मकान खाली करके गए हैं। घर के पहली मंजिल पर एडवोकेट परिवार समेत रहते हैं।शनिवार रात परिवार संग सो गए थेबीती रात सरोहा परिवार के साथ खाना खाकर सो गया था। सुबह 7 बजे परिजन उठे और नीचे आए तो उन्होंने देखा कि नीचे ईश्वर सिंह ने फंदा पर लटका हुआ है। उन्होंने गमछे से फंदा लगाया है। परिजनों ने बताया है कि वह पिछले काफी दिनों से मानसिक रूप से परेशान चल रहे थे। उनका रोहतक PGI से इलाज भी चल रहा था। संदिग्ध परिस्थितियों में उन्होंने फंदा लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली।
Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.