रत्नेश सदा बन सकते हैं जदयू कोटे से मंत्री
पटना। एससी-एसटी कल्याण मंत्री डॉ संतोष सुमन इस्तीफे के बाद उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मिलने पहुंचे। दोनों में चर्चा हुई। फिर सरकार में शामिल सभी दलों की मीटिंग बुलाई गई। इसमें एससी-एसटी कल्याण विभाग का प्रभार किसे दिया जाए उस पर चर्चा हुई। बताया जा रहा है कि कांग्रेस और जदयू के कोटे से मंत्री बनाए जाएंगे। संतोष सुमन की जगह रत्नेश सदा को मंत्री बनाया जा सकता है। रत्नेश सदा मांझी समाज से आते हैं। वह सहरसा के सोनवर्षा से जदयू विधायक हैं। इस बीच जदयू विधायक रत्नेश सदा सीएम हाउस पहुंचे। बताया जा रहा है कि उन्हें मंत्री पद की जिम्मेदारी मिल सकती है। वहीं, सीएम हाउस जाने से पहले कहा कि जीतनराम मांझी ने मुसहर समाज को बर्बाद कर दिया है। संतोष सुमन के इस्तीफे पर मंत्री लेशी सिंह ने कहा कि नीतीश कुमार ने जीतन राम मांझी को सीएम बनाया था। ऐसे लोग आते-जाते रहते हैं। कोई फर्क नहीं पड़ेगा। वहीं शक्ति सिंह ने कहा कि पद से इस्तीफा देना झटका नहीं है। कैबिनेट में नहीं रहने का फैसला उनका है। 2015 में भी कई बार इधर-उधर हुए थे, फिर लौट कर आए। वो उन्हीं लोगों के पास जाना चाहते हैं जिन्होंने उनके मंदिर जाने के बाद उसे धुलवाया था। महागठबंधन में अनदेखी के आरोपों पर उन्होंने कहा कि लोग हटते हैं तो अनदेखी का आरोप लगाते हैं। अब तक कैबिनेट में थे तो अनदेखी नहीं हो रही थी क्या?