ब्रेकिंग
सीने में दर्द और मिली पेट सफा की गोलियां… एक महीने खाने के बाद हुआ ये हाल सलकनपुर में टैक्सी का हुआ ब्रेक फेल, बिजली के खंभे से टकराई... 5 श्रद्धालु हो गए घायल दो नशेड़‍ियों की दोस्ती, एक शराब नहीं लाया तो दूसरे ने पेट में गुप्ती मारकर कर दी उसकी हत्या संसद में प्रियंका गांधी की एंट्री, कांग्रेस की सियासत में क्या-क्या बदलेगा? संभलः सर्वे के फैसले पर सुप्रीम कोर्ट को आपत्ति, निचली अदालत को एक्शन न लेने का आदेश दुनिया में झलक रही भारतीय संस्कृति… PM मोदी ने शेयर किया अनेक देशों में स्वागत का वीडियो 1700 मकानों में आई दरारें, दहशत में घर छोड़ने को मजबूर हुए लोग! दूल्हा बने भैया निकले बारात लेकर, छोटा पहले ही भगा ले गया लड़की… शादी किसकी हुई? हाथ में संविधान की कॉपी लेकर प्रियंका गांधी ने ली संसद सदस्य की शपथ, राहुल के पीछे चौथी पंक्ति में ज... जब-जब मुख्यमंत्री चुनने में बीजेपी को लगे 72 घंटे, तब-तब सरप्राइज चेहरे की हुई एंट्री

रत्नेश सदा बन सकते हैं जदयू कोटे से मंत्री

पटना। एससी-एसटी कल्याण मंत्री डॉ संतोष सुमन इस्तीफे के बाद उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मिलने पहुंचे। दोनों में चर्चा हुई। फिर सरकार में शामिल सभी दलों की मीटिंग बुलाई गई। इसमें एससी-एसटी कल्याण विभाग का प्रभार किसे दिया जाए उस पर चर्चा हुई। बताया जा रहा है कि कांग्रेस और जदयू के कोटे से मंत्री बनाए जाएंगे। संतोष सुमन की जगह रत्नेश सदा को मंत्री बनाया जा सकता है। रत्नेश सदा मांझी समाज से आते हैं। वह सहरसा के सोनवर्षा से जदयू विधायक हैं। इस बीच जदयू विधायक रत्नेश सदा सीएम हाउस पहुंचे। बताया जा रहा है कि उन्हें मंत्री पद की जिम्मेदारी मिल सकती है। वहीं, सीएम हाउस जाने से पहले कहा कि जीतनराम मांझी ने मुसहर समाज को बर्बाद कर दिया है। संतोष सुमन के इस्तीफे पर मंत्री लेशी सिंह ने कहा कि नीतीश कुमार ने जीतन राम मांझी को सीएम बनाया था। ऐसे लोग आते-जाते रहते हैं। कोई फर्क नहीं पड़ेगा। वहीं शक्ति सिंह ने कहा कि पद से इस्तीफा देना झटका नहीं है। कैबिनेट में नहीं रहने का फैसला उनका है। 2015 में भी कई बार इधर-उधर हुए थे, फिर लौट कर आए। वो उन्हीं लोगों के पास जाना चाहते हैं जिन्होंने उनके मंदिर जाने के बाद उसे धुलवाया था। महागठबंधन में अनदेखी के आरोपों पर उन्होंने कहा कि लोग हटते हैं तो अनदेखी का आरोप लगाते हैं। अब तक कैबिनेट में थे तो अनदेखी नहीं हो रही थी क्या?

Leave A Reply

Your email address will not be published.