जहानाबाद का रेडक्रॉस सोसाइटी माफियाओं के चंगुल में — रामबली सिंह यादव।
जहानाबाद ! रेड क्रॉस सोसाइटी’ पूर्ण रूप से माफियाओं के चंगुल में है। 26 फरवरी को कोरोना वैरियर्स को सम्मानित करने के क्रम में वैसे लोगों को सम्मानित किया गया, जिन्हें सजा देने की मांग हमनें प्रभारी मंत्री की उपस्थिति में डी.एम. के साथ हुए वर्चुअल मीटिंग में किया था। कोरोना काल जैसे बुरे समय में शहर में निजी क्लिनिक चलाने वाले डॉक्टरों ने जब अपना दरवाजा बंद कर लिया था तब हमने कहा था कि उनका रजिस्ट्रेशन रदद् किया जाना चाहिए। जहानाबाद डी.एम.ने उन्हें सजा देने की जगह सम्मानित कर कोरोना काल में जान की बाजी लगाकर सेवा करने वाले को अपमानित किया है। रेड क्रॉस में कई माफियाओं ने घुसपैठ कर रेड क्रॉस की सामग्री बांटकर समाजसेवी कहलाने का ढोंग रच रहे हैं। खाद्य सामग्री और कंबल बांटकर गरीबों के बीच सस्ती लोकप्रियता बटोरा और पंचायत चुनाव लड़कर नेता बन गए। बीच-बीच में कंबल के लिए मारपीट और मुकदमा होने की बात सुनकर तो लोग इन सब के समाजसेवा से ऐसे ही गदगद हैं, सम्मान की क्या जरूरत थी ? अधिकांश ऐसे ही लोगों को जहानाबाद के डी.एम.ने कोरोना वैरियर्स का सम्मान दिया है।
जबकि कोरोना काल में जिले के ग्रामीण चिकित्सकों,पत्रकारों समाजसेवियों एवं जनप्रतिनिधियों ने अपनी जान और सम्पत्ति की बाजी लगाकर सेवा किया। जिन्हें सम्मानित न कर उन्हें अपमानित ही नहीं किया है, बल्कि समाजसेवा को हतोत्साहित किया है। मैं अपनी और अपने जिले के महान जनता की ओर से इन सबको कोटि-कोटि सम्मान करता हूं और उनके सम्मान के लिए अनवरत संघर्ष करने का संकल्प लेता हूॅ। जिला पदाधिकारी से हमारी मांग है कि आप नकली कोरोना वैरियर्स से सम्मान वापस लें और असली को सम्मानित करें। रेड क्रॉस सोसाइटी में वित्तीय अराजकता की जांच कराए, रेड क्रॉस सोसाइटी की कमिटी को भंग कर पुनः चुनाव करायें एवं फर्जी समाजसेवियों को बाहर करे। मेरी पार्टी भाकपा-माले इस सोसाइटी को अब तक सबसे ईमानदार संस्था समझते रही है। इसके पक्षपात पूर्ण और माफ़ियापरस्त संचालन के खिलाफ हमारा अन्तहीन लड़ाई जारी रहेगा।