जालसाज अशोक पाठक पर 45 करोड़ की धोखाधड़ी का आरोप
लखनऊ । केंद्रीय जांच ब्यूरो जालसाजी के मामले में जमीन बेचकर लगभग 45 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी करने के आरोपित अशोक पाठक पर और शिकंजा कसने जा रही है। सीबीआइ उसके खिलाफ और सुबूत जुटा रही है। उसे सात मई को ही गिरफ्तार किया जा चुका है।हाई कोर्ट में छद्म नाम से याचिका दाखिल करने व करोड़ो की धोखाधड़ी के मामले में निरुद्ध अशोक पाठक की जमानत अर्जी सीबीआइ की विशेष अदालत ने बुधवार को खारिज कर दी है। अशोक पाठक दो अलग-अलग मामलों में वांछित चल रहा था। वर्ष 2016 में दर्ज एफआइआर में भी उसकी तलाश थी। पहला मामला वक्फ बोर्ड के मुतवल्ली के जाली हस्ताक्षर कर हाई कोर्ट में याचिका दायर करने से संबंधित है। इस मामले में अशोक पाठक के अलावा एक अधिवक्ता सहित अन्य के विरुद्ध एफआइआर दर्ज हुई थी।
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