ब्रेकिंग
सीने में दर्द और मिली पेट सफा की गोलियां… एक महीने खाने के बाद हुआ ये हाल सलकनपुर में टैक्सी का हुआ ब्रेक फेल, बिजली के खंभे से टकराई... 5 श्रद्धालु हो गए घायल दो नशेड़‍ियों की दोस्ती, एक शराब नहीं लाया तो दूसरे ने पेट में गुप्ती मारकर कर दी उसकी हत्या संसद में प्रियंका गांधी की एंट्री, कांग्रेस की सियासत में क्या-क्या बदलेगा? संभलः सर्वे के फैसले पर सुप्रीम कोर्ट को आपत्ति, निचली अदालत को एक्शन न लेने का आदेश दुनिया में झलक रही भारतीय संस्कृति… PM मोदी ने शेयर किया अनेक देशों में स्वागत का वीडियो 1700 मकानों में आई दरारें, दहशत में घर छोड़ने को मजबूर हुए लोग! दूल्हा बने भैया निकले बारात लेकर, छोटा पहले ही भगा ले गया लड़की… शादी किसकी हुई? हाथ में संविधान की कॉपी लेकर प्रियंका गांधी ने ली संसद सदस्य की शपथ, राहुल के पीछे चौथी पंक्ति में ज... जब-जब मुख्यमंत्री चुनने में बीजेपी को लगे 72 घंटे, तब-तब सरप्राइज चेहरे की हुई एंट्री

दुर्गा विसर्जन के बाद बह गया था केलो नदी में; समितियों ने NGT के आदेश को दिखाया ठेंगा

रायगढ़: छठ घाट पर बुजुर्ग का शव।रायगढ़ शहर के मरीन ड्राइव केलो घाट पर देवी विसर्जन के बाद एक बुजुर्ग गुरुवार को बह गया था, जिसका शव शुक्रवार को करीब 20 घंटे बाद छठ घाट से बरामद किया गया है। घटना जूटमिल चौकी क्षेत्र की है। कयाघाट का रहने वाला बुजुर्ग बुधराम बसंत (70 वर्ष) 6 अक्टूबर को दोपहर 3 बजे दुर्गा विसर्जन करने वालों के साथ ही केलो नदी गया था। विसर्जन के बाद मोहल्ले वाले जल्दी निकल गए, लेकिन बुधराम नहाने के लिए वहीं रुक गया।केलो नदी में नहाने के दौरान उसका पैर फिसल गया और डूबकर उसकी मौत हो गई। प्रत्यक्षदर्शी रवि गुप्ता ने बताया कि जब नदी में बुजुर्ग डूब रहा था, तो उसने उसे बचाने की कोशिश भी की। लेकिन तेज बहाव के कारण बुधराम वहां से दूर चला गया। इसके बाद उसने तुरंत पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर गोताखोरों को केलो नदी में उतारा, लेकिन वृद्ध का पता नहीं चल सका। अंधेरा हो जाने के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन बंद कर दिया गया। शुक्रवार की सुबह फिर से गोताखोरों की टीम रेस्क्यू के लिए पहुंची और वृद्ध की तलाश शुरू हुई।छठ घाट पर जमा लोग।आज दोपहर में छठ घाट पर बुजुर्ग बुधराम बसंत का शव झाड़ियों के बीच फंसा हुआ मिला, जिसे बाहर निकालकर उसका पोस्टमॉर्टम कराया गया। जूटमिल चौकी प्रभारी कमल पटेल ने कहा कि फिलहाल शव को परिजनों को सौंप दिया गया है। उन्होंने बताया कि बुधराम बसंत कयाघाट मुक्तिधाम में चौकीदार था। वहीं मृतक के बेटे साहेब राम बसंत ने बताया कि बुधराम किसी भी रैली में शामिल हो जाता था और उनके साथ चला जाता था। उसकी उम्र हो गई थी, लेकिन विसर्जन या पूजा में जाने का शौक भी उसे था।शव के पास परिजन।केलो नदी में प्रतिमा विसर्जन पर लगी थी रोकएनजीटी के निर्देश पर इस साल केलो नदी में प्रतिमाओं के विसर्जन पर पूर्णतः रोक लगी थी, बावजूद इसके गुरुवार को कुछ समितियों ने इस आदेश को ठेंगा दिखाते हुए प्रतिमा विर्सजन किया। इस मामले में नगर निगम ने अभी तक किसी के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की है।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.