मुजफ्फरनगर में नशा देकर बेटी से रेप का लगाया था आरोप, बयान से पलटने पर कोर्ट नाराज
मुजफ्फरनगर: मुजफ्फरनगर में एक महिला ने बेटी को नशा देकर रेप का आरोप लगाया। कोर्ट में बयान हुए तो साफ मुकर गई। जिसके बाद कोर्ट ने गुमराह करने के आरोप में वादी मुकदमा के खिलाफ परिवाद दर्ज कराने का आदेश जारी किया। जबकि आरोपी को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया।नाबालिग से रेप का था आरोपशहर कोतवाली क्षेत्र की महिला नौशाबा ने एफआइआर कराते हुए आरोप लगाया था कि 12 नवंबर 2021 को रात 10 बजे एक व्यक्ति उसके घर आया और परिवार के सभी सदस्यों को खाने में नशा देकर बेहोश कर दिया। जिसके बाद उसने उसकी नाबालिग बेटी से रेप किया। पीड़िता ने भी मजिस्ट्रेट को दिये गए बयान में रेप की पुष्टि की थी। आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया था। लेकिन कोर्ट में हुए मुख्य बयान में पीड़िता और वादी मुकदमा नौशाबा आरोपों से पलट गई।वादी मुकदमा पक्षद्रोही घोषितघटना के मुकदमे की सुनवाई विशेष पोक्सो एक्ट कोर्ट में हुई। एफआइआर कराकर बयान से मुकरने पर अभियोजन पक्ष की याचना पर कोर्ट ने वादी मुकदमा नौशाबा को पक्षद्रोही घोषित किया। बयान से मुकरने पर विशेष पोक्सो एक्ट कोर्ट के जज बाबूराम ने वादी मुकदमा को पक्षद्रोही घोषित करते हुए सत्र लिपिक को आदेश जारी किया कि उसके विरुद्ध प्रकीण वाद दर्ज कराया जाए।
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