ब्रेकिंग
सीने में दर्द और मिली पेट सफा की गोलियां… एक महीने खाने के बाद हुआ ये हाल सलकनपुर में टैक्सी का हुआ ब्रेक फेल, बिजली के खंभे से टकराई... 5 श्रद्धालु हो गए घायल दो नशेड़‍ियों की दोस्ती, एक शराब नहीं लाया तो दूसरे ने पेट में गुप्ती मारकर कर दी उसकी हत्या संसद में प्रियंका गांधी की एंट्री, कांग्रेस की सियासत में क्या-क्या बदलेगा? संभलः सर्वे के फैसले पर सुप्रीम कोर्ट को आपत्ति, निचली अदालत को एक्शन न लेने का आदेश दुनिया में झलक रही भारतीय संस्कृति… PM मोदी ने शेयर किया अनेक देशों में स्वागत का वीडियो 1700 मकानों में आई दरारें, दहशत में घर छोड़ने को मजबूर हुए लोग! दूल्हा बने भैया निकले बारात लेकर, छोटा पहले ही भगा ले गया लड़की… शादी किसकी हुई? हाथ में संविधान की कॉपी लेकर प्रियंका गांधी ने ली संसद सदस्य की शपथ, राहुल के पीछे चौथी पंक्ति में ज... जब-जब मुख्यमंत्री चुनने में बीजेपी को लगे 72 घंटे, तब-तब सरप्राइज चेहरे की हुई एंट्री

दिल्ली में कल से ज्यादा भीड़ वाली जगह पर मास्क हो सकता है अनिवार्य

नई दिल्ली | मौसम में बदलाव के साथ वायरल इंफेक्शन से पीड़ित मरीजों की स्थिति गंभीर है। इन्हें आईसीयू की जरूरत पड़ रही है। काफी मरीज ऐसे हैं, जिन्हें ऑक्सीजन बेड पर भर्ती करना पड़ रहा है। जबकि कई मरीजों को दौरे तक आ रहे हैं। डॉक्टरों का कहना है कि इंफ्लुएंजा का रूप बदल रहा है। यह पहले से ज्यादा घातक है और कोविड की तरह तेजी से फैल रहा है। यही वजह है कि इंफ्लुएंजा को लेकर दिल्ली सरकार की चिंता बढ़ गई है और इसी कारण शनिवार को दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) की बैठक बुलाई गई है।

संभावना है कि इस बैठक में कई अहम फैसले लिए जा सकते हैं। इसमें कल से ज्यादा भीड़ वाली जगह पर मास्क अनिवार्य हो सकता है। हालाकि जुर्माने का प्रावधान नहीं होगा। इसके अलावा केंद्र व दिल्ली के अस्पतालों को किसी भी स्थिति से निपटने के लिए कहा जाएगा। दवाइयां व अन्य का इंतजाम करना होगा। बीते तीन दिनों में कोरोना के मामले दोगुनी रफ्तार से बढ़े हैं, जिसमे गुरुवार को कुछ कमी आई थी।उत्तर भारत में तेजी से बढ़ रहे मामलों को देखते हुए भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) 15 दिसंबर से अभी तक आए मरीजों के आधार पर रिपोर्ट तैयार की है। इसमें 92 फीसदी मरीज बुखार से पीड़ित पाए गए हैं।

रिपोर्ट के मुताबिक, मौजूदा समय में सांस की परेशानी के लिए इन्फ्लूएंजा-ए का H3N2 वायरस जिम्मेदार है। अधिकतर सैंपल की जांच में इसी की पुष्टि हुई है। यह मरीजों को लंबे समय तक बीमार बना रहा है।
इस बारे में अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS), दिल्ली में मेडिसिन विभाग के वरिष्ठ डॉक्टर पीयूष रंजन ने बताया कि हर बार इंफ्लुएंजा का वायरस अपना रूप बदलता है। इस बार देखा जा रहा है कि मरीजों को तेजी से गले में दर्द, बुखार, खांसी, नाक बहना, सिर दर्द और थकान जैसे लक्षण दिखाई दे रहे हैं। यह कोविड की तरह फैल रहा है।

इन रोगों से पीड़ितों को ज्यादा खतरा

मधुमेह रोगी, कैंसर पीड़ित, किडनी, बुजुर्ग, बच्चे, सांस के मरीज, गंभीर बीमारी के मरीज, धूम्रपान करने वाले और सांस के मरीज को विशेष रूप से सतर्क रहने की जरूरत है। H3N2 वायरस सीधे नाक, गला, फेफड़े और सांस से संबंधित समस्याओं से लोगों को पीड़ित कर देता है।

 

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.