‘मन की बात’ में बोले पीएम मोदी- भीम यूपीआई हमारी अर्थव्यवस्था का हिस्सा बन गया
नई दिल्ली : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को आकाशवाणी के मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ में कहा कि देश में प्रतिदिन करीब 20,000 करोड़ रुपये का ‘डिजिटल लेनदेन’ हो रहा है और इससे देश में एक डिजिटल अर्थव्यवस्था तैयार हो रही है तथा एक संस्कृति भी विकसित हो रही है। प्रधानमंत्री ने कहा कि डिजिटल लेनदेन से सुविधा भी बढ़ रही है और देश में ईमानदारी का माहौल भी बन रहा है। उन्होंने दिल्ली की रहने वाली दो बहनों सागरिका और प्रेक्षा के ‘कैशलेस डे आउट’ का संकल्प साझा किया और देशवासियों से आग्रह किया वह भी इसे अपनाएं। उन्होंने कहा कि घर से यह संकल्प लेकर निकलें कि दिन भर पूरे शहर में घूमेंगे और एक भी पैसे का लेनदेन नकद में नहीं करेंगे। प्रधानमंत्री ने कहा कि डिजिटल लेनदेन अब दिल्ली या बड़े महानगरों तक ही सीमित नहीं है बल्कि इसका प्रसार सुदूर के गांवों तक हो चुका है। उन्होंने कहा, जिन जगहों पर कुछ साल पहले तक इंटरनेट की अच्छी सुविधा भी नहीं थी वहां भी यूपीआई से लेनदेन की सुविधा उपलब्ध है। अब तो छोटे-छोटे शहरों में और ज्यादातर गांवों में भी लोग यूपीआई से ही लेन-देन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ सालों में भीम यूपीआई तेजी से हमारी अर्थव्यवस्था और आदतों का हिस्सा बन गया है। आप भी यूपीआई की सुविधा को रोजमर्रा के जीवन में महसूस करते होंगे। पीएम ने कहा कि टेक्नोलॉजी ने एक और बड़ा काम किया है। ये काम है हमारे दिव्यांग साथियों की असाधारण क्षमताओं का लाभ देश और दुनिया को दिलाना। हमारे दिव्यांग भाई-बहन क्या कर सकते हैं ये हमने टोक्यो ओलंपिक में देखा है। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि देश आजकल लगातार संसाधनों को, इंफ्रास्ट्रक्चर को दिव्यांगों के लिए सुलभ बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रहा है। जो दिव्यांग कलाकार हैं उनके काम को दुनिया तक पहुंचाने के लिए भी एक इनोवेटिव शुरुआत की गई है।