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प्रदेश को मिलेगा पक्षी विहार

दुर्ग. छत्तीसगढ़ राज्य जैव विविधता बोर्ड ने पक्षी पर्यटन की दिशा में एक और कदम आगे बढ़ाया है. पक्षी पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए पिछले वर्ष जहां गिधवा परसदा में पक्षी महोत्सव का आयोजन कर वहां पक्षी विहार विकसित करने का प्रयास किया गया था, वहीं अब पाटन क्षेत्र के बेलौदी आद्रभूमि क्षेत्र को पक्षी विहार के रूप में विकसित करने के लिए बोर्ड ने कदम बढ़ाया है.

पाटन का बेलौदी, अचानकपुर, सांतरा और चीचा प्राकृतिक संसाधनों से भरा हुआ क्षेत्र है. अपनी जैव विविधता के चलते वन्यजीवों के लिए ये किसी स्वर्ग से कम नहीं है. जिसे देखते हुए बोर्ड ने पक्षियों और वेटलैंड को संरक्षित करने के लिए एक और कदम आगे बढ़ाया है.

भवन बनाने के निर्देश

इसी के तहत शुक्रवार को जैव विविधता बोर्ड के मेंबर सैक्रेटरी अरुण पांडेय पाटन पहुंचे और चारों बांधों का निरीक्षण कर वन विभाग के अधिकारियों को जरुरी दिशा निर्देश दिए. उन्होंने वेटलैंड में पर्यटकों के लिए पक्षियों की मनमोहक चित्रकारी और पक्षी दर्शन के लिए प्लेटफॉर्म और पक्षियों के लिए टापू बनाने का निर्देश दिया. इसके अलावा चीचा में एक बर्ड जागरुकता सेंटर या पर्यटकों को पिकअप करने के लिए एक भवन बनाने की बात कही. साथ ही इसके लिए स्थल का निरीक्षण भी किया.

वेटलैंड को आकर्षित बनाने की तैयारी

पांडेय ने कहा कि सर्दी में बड़ी संख्या में प्रवासी पक्षी यहां आते हैं, जिन्हें देखने के लिए दूर-दूर से पर्यटक आते हैं. उनके लिए ही इस सर्दियों तक वेटलैंड को आकर्षित बनाने का निर्देश दिया गया है. इसके साथ ही आसपास के गांव के युवाओं को पक्षी गाइड के रूप में तैयार कर ईको टूरिज्म तैयार करने का प्रयास किया जाएगा.

 

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