ब्रेकिंग
सीने में दर्द और मिली पेट सफा की गोलियां… एक महीने खाने के बाद हुआ ये हाल सलकनपुर में टैक्सी का हुआ ब्रेक फेल, बिजली के खंभे से टकराई... 5 श्रद्धालु हो गए घायल दो नशेड़‍ियों की दोस्ती, एक शराब नहीं लाया तो दूसरे ने पेट में गुप्ती मारकर कर दी उसकी हत्या संसद में प्रियंका गांधी की एंट्री, कांग्रेस की सियासत में क्या-क्या बदलेगा? संभलः सर्वे के फैसले पर सुप्रीम कोर्ट को आपत्ति, निचली अदालत को एक्शन न लेने का आदेश दुनिया में झलक रही भारतीय संस्कृति… PM मोदी ने शेयर किया अनेक देशों में स्वागत का वीडियो 1700 मकानों में आई दरारें, दहशत में घर छोड़ने को मजबूर हुए लोग! दूल्हा बने भैया निकले बारात लेकर, छोटा पहले ही भगा ले गया लड़की… शादी किसकी हुई? हाथ में संविधान की कॉपी लेकर प्रियंका गांधी ने ली संसद सदस्य की शपथ, राहुल के पीछे चौथी पंक्ति में ज... जब-जब मुख्यमंत्री चुनने में बीजेपी को लगे 72 घंटे, तब-तब सरप्राइज चेहरे की हुई एंट्री

लाइमैन पर यूक्रेन का दोबारा कब्जा

यूक्रेनी बलों ने शनिवार को एक जवाबी कार्रवाई में  पूर्वी शहर लाइमैन के कई क्षेत्रों को फिर अपने कब्जे में ले लिया है। 5 से 6  हजार रूसी सैनिकों को शहर से पीछे हटना पड़ा। रूस की समाचार एजेंसियों ने रूसी रक्षा मंत्रालय के हवाले से यह जानकारी दी है। लाइमैन यूक्रेन के दूसरे सबसे बड़े शहर और एक महत्वपूर्ण परिवहन केंद्र खारकीव से 160 किलोमीटर दक्षिण-पूर्व में है। इसे रूसी नियंत्रण से वापस लेना यूक्रेन के लिए एक नई जीत है। उधर रूस ने यूक्रेनी क्षेत्र में फिर बमबारी तेज कर दी है।

लाइमैन शहर रूसी सैनिकों के लिए जमीनी संचार और रसद दोनों के लिए एक प्रमुख परिवहन केंद्र के साथ-साथ एक महत्वपूर्ण स्थल भी रहा है। अब रूस के हाथ से इसके निकल जाने से यूक्रेनी सैनिक लुहांस्क क्षेत्र में आगे तक बढ़ने की कोशिश कर सकते हैं जो रूस द्वारा शुक्रवार को एक जनमत संग्रह के जरिए अपनी भूमि में मिलाए गए चार क्षेत्रों में से एक है।

राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के सहयोगी और चेचन गणराज्य के नेता रमजान कादिरोव ने रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण शहर लाइमैन पर यूक्रेन का फिर से कब्जा करने और रूसी सैनिकों की वापसी के मद्देनजर पुतिन को युद्ध के मैदान में कम विकिरण वाले परमाणु हथियारों का उपयोग करने की सलाह दी है। न्यूज एजेंसी एएनआई ने सीएनएन के हवाले से बताया है कि यूक्रेन में रूसी सेना को हार का सामना करना पड़ रहा है। इसलिए राष्ट्रपति पुतिन पर परमाणु उपयोग करने का दबाव बढ़ता जा रहा है।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.