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तहसीलदार पर मानसिक रूप से प्रताड़ित करने का आरोप

बड़वानी: ग्राम सभा मोबीलाइजर ने पानसेमल तहसीलदार राकेश सस्तिया पर मानसिक रुप से प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है। इस संबंध में उन्होंने कलेक्टर को आवेदन देकर समस्या का निराकरण की मांग की है। ग्राम सभा मोबीलाइजर प्रियंका पिता सपन ने बताया मेरा चयन 30 जनवरी 2021 को ग्राम पंचायत नांदियाबड़ में शासन के पेसा ग्राम मोबलाइजर पद पर पात्रता के सभी मापदंडों को पूरा करने पर हुआ था। मुझे पुन: 6 सितंबर 2022 को पद पर नियुक्त किया गया।चयन के बाद अपील अवधी बीतने के बाद कोई आपत्ति नहीं हुई लेकिन 28 सितंबर को तहसीलदार ने जवाब पेश करने के लिए मेरे खिलाफ प्रकरण लगाया। मेरे द्वारा सभी दस्तावेज प्रस्तुत व ग्राम पंचायत की जांच के बाद चयन हुआ है। इसके बाद मेरे पिता को पूरे शिक्षण दस्तावेज पेश करने के लिए कहा गया। 20 अक्टूबर को फिर तहसील कार्यालय में बुलाकर अपशब्द कहकर प्रताड़ित किया गया। मैंने तहसीलदार के खिलाफ सीएम हेल्प लाइन में शिकायत की। जिसके बाद मुझे बंद करने के लिए दबाव बनाया जा रहा है। अब इस संबंध में कलेक्टर के पास समस्या का निराकरण करने के लिए आवेदन दिया गया है। उन्होंने कहा यहां भी निराकरण नहीं हुआ तो न्यायालय की शरण ली जाएगी।पानसेमल तहसीलदार राकेश सस्तिया ने बताया गांव के एक व्यक्ति ने आपत्ति लगाई थी। जिसके बाद एसडीएम ने इसकी जांच मुझे सौंपी थी। उनके दस्तावेजों में जाति प्रमाण पत्र में गड़बड़ी होने पर पिता की शैक्षणिक योग्यता का प्रमाण मांगा गया। जिसे प्रस्तुत न कर कार्यालय में बहकर कर रिकार्डिंग कर जांच को प्रभावित करने की कोशिश की जा रही है। उन्हें दस्तावेज प्रस्तुत करने के लिए नोटिस दिया था। मानसिक रुप से प्रताड़ित करने का आरोप झूठा है।

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