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बच्चों के साथ मैत्रीपूर्ण व्यवहार जरूरी एवं उनके संरक्षण के संबंध में विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन– जिला जज

जहानाबाद ! राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकार नई दिल्ली एवं बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार पटना ,के निर्देशानुसार राज्य संपोषित कन्या उच्च विद्यालय राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकार के अंतर्गत संचालित योजना बच्चों के साथ मैत्रीपूर्ण संबंध एवं उनके संरक्षण के संबंध में विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम के पूर्व पैनल अधिवक्ता को विषयाऺकित विषय से अवगत कराते हुए डॉ राकेश कुमार सिंह जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार जहानाबाद ने कहा कि बच्चों के साथ माता-पिता अभिभावक को मैत्रीपूर्ण व्यवहार करना चाहिए उन्होंने प्राधिकार के संकल्प को सभी बच्चों को विस्तार से बताने को भी कहा और प्रतिस्पर्धा का वातावरण तैयार करें। बच्चे देश के भविष्य हैं। भविष्य का विकास इनके कंधों पर है। विधि विशेषज्ञ पैनल अधिवक्ता रीता कुमारी सक्सेना ने उपस्थित छात्राओं को बच्चों के साथ मैत्रीपूर्ण संबंध एवं उनके संरक्षण पर प्रकाश डालते हुए कहा कि बच्चे हमारे देश के अनमोल रत्न हैं। इन्हें जिस रूप में अभी हम ढाल सकते हैं उसी रूप में ये ढलेंगे। इनके साथ मधुर वातावरण में बातचीत के माध्यम से दोस्ताना संबंध बनाकर इनका विकास और प्रगति कर सकते हैं। बच्चों पर किसी भी प्रकार की क्रूरता अथवा दंडात्मक व्यवहार नहीं होना चाहिए। और इसके संरक्षण व बचाव के लिए हमें सतत प्रयास करना चाहिए। कानून में इनके संरक्षण हेतु काफी संवैधानिक रूप से प्रबंध किया गया है। केवल कानून के माध्यम से हम इसका संरक्षण नहीं कर सकते हैं। सकारात्मक वातावरण को बनाकर ही आगे बढ़ सकते हैं। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकार बच्चों के संरक्षण हेतु विशेष योजनाओं का क्रियान्वयन प्राधिकार के विधिक जागरूकता कार्यक्रम के माध्यम से कराती है। इनके लिए कई प्रकार की सुविधाओं का उल्लेख किया गया है। जिसका क्रियान्वयन करना और कराना हम सभी का दायित्व है। पारा विधिक स्वयंसेवक प्रतिमा कुमारी ने भी कहा हम बच्चों का भी दायित्व है कि माता-पिता अभिभावक के अनुमति बिना कोई भी कार्य नहीं करें। गलत कार्यों से जीवन नष्ट हो जाती है। और गलत कार्यों से हमको बचना चाहिए। गलत आचरण व्यवहार कार्यों से जीवन के संकल्पित सपना अधूरा रह जाता है। विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापिका पूनम कुमारी ने भी बच्चों को कहा कि प्राधिकार के माध्यम से जिन बातों को आप को बतलाया गया है। यह जीवन का दिनचर्या के रूप में प्रयोग करें और अपने माता पिता पिता अभिभावक स्थानीय जनों को भी बताए। तभी आप सफल और प्रतिभाशाली बन सकती हैं। और जीवन के सपने को साकार कर सकती हैं।
प्राधिकार के सचिव अजय कुमार अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने बतलाया की जिला जज जागरूकता के प्रति विशेष रुप से बच्चों के जागरूकता के प्रति काफी गंभीर हैं। उनके सभी योजनाओं की जानकारी सतत रूप से जिले में प्राधिकार के माध्यम से प्राप्त हो और समय-समय पर विशेष अभियान के अंतर्गत विधिक जागरूकता कार्यक्रम का संचालन कराते रहने पर बल दिया गया है। जबकि जिले में कई विद्यालयों में साक्षरता क्लब के माध्यम से बच्चों को कानूनी विधिक जागरूकता की जानकारी समय-समय पर दी जाती रही है।

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