`चक दे बिहार’ नाम से बिहार प्रीमियर लीग राज्य में ओलंम्पिक मान्यता प्राप्त खेलों की शुरूआत की जायेगी
श्री रविन्द्ररणशंकरण, अपर पुलिस महानिदेशक, बिहार राज्य खेल प्राधिकरण की अध्यक्षता में समाहरणालय सभागार में बिहार के खेल के विकास एवं अन्तराष्ट्रीय स्तर पर खेल के क्षेत्रों में पदक प्राप्त करने तथा अन्तराष्ट्रीय स्तर पर बिहार की पहचान हेतु खेल गतिविधियों को और अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से आज की बैठक में संबंधित पदाधिकारियों के साथ आवश्यक विचार विमर्श की गई।
बैठक में गया जिला के सभी खेल संघो के पदाधिकारियों को निदेश दिया गया कि बिहार में एक ऐसी खेल स्ट्रेड़जी तैयार करना होगा, जिसके तहत टैलेन्ट आइडेन्टिफिकेशन, उस टैलेन्टेड प्लेयर को नर्चर (सिचंना) करना, तत्पश्चात उस प्लेयर का उत्कृष्ट प्रदर्शन प्राप्त करना, जिसके अन्तर्गत वह अन्तराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना सके। इस स्ट्रेड्जी के तहत् बिहार आज से पाॅच से छः सालों के अन्दर इन्टरनेशनल लेवल पर न सिर्फ भाग लेगा बल्कि मेडल भी प्राप्त कर सके, ऐसे तैयारी हमे करने की आवश्यकता है।
बताया गया कि आई॰पी॰एल॰ के तहत बिहार प्रीमियर लीग राज्य में ओलंम्पिक मान्यता प्राप्त खेलों की शुरूआत की जायेगी, जिसका नाम चक दे बिहार होगा।
जल्द ही इसी स्ट्रेड्जी के तहत खेल प्रतियोगिताएं शुरू की जायेगी, जो पंचायत स्तर, प्रखंड स्तर एवं जिला स्तर पर आयोजित की जायेगी, जिसका मुख्य उद्देश्य टैलेन्टेड खिलाडी (बालक एवं बालिका) की खोज करना होगा। उस टैलेन्टेड खिलाड़ी को बिहार सरकार के द्वारा पुरी तरह से आधुनिक प्रशिक्षण दिलाने का कार्य किया जाएगा। साथ ही साथ विदेशो से बेतत्तरीन प्रशिक्षक की व्यवस्था किया जाएगा, जिसे न सिर्फ बिहार के खिलाडियों का पलायन रूके बल्कि अन्तराष्ट्रीय स्तर पर बिहार की पहचान एवं देश का नाम भी हो।
बैठक में ज़िला पदाधिकारी डॉ० त्यागराजन एसएम, वरीय पुलिस अधीक्षक श्रीमती हरप्रीत कौर, अपर समाहर्ता श्री मनोज कुमार, जिला खेल पदाधिकारी सहित अन्य संबंधित पदाधिकारीगण, खेल संघो के पदाधिकारीगण उपस्थित थे।