कविगुरू रवीन्द्रनाथ ठाकुर की 161 वी जन्मजयन्ती समारोह
रवीन्द्र साहित्य एवं दर्शन के प्रचार प्रसार में तत्पर राजधानी पटना के प्रमुख सामाजिक एवं सांस्कृतिक संस्था रवीन्द्र परिषद द्वारा कविगुरु रवीन्द्रनाथ ठाकुर की 181 वीं जन्म जयन्ती समारोह मनायी गयी । सन् 7 मई 1861 में कविगुरू रवीन्द्रनाथ ठाकुर का जन्म जोड़ाशाको ठाकुरबाड़ी में हुआ था , और प्रत्येक वर्ष उनके इस जन्मदिन को पच्चीसे वैशाख के नाम से मनाये जाते हैं । उनके इस जन्मदिन के उपलक्ष्य में पूर्व वर्षों के नौति इस वर्ष भी रवीन्द्र परिषद् पटना द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किये गए । जैसे नृत्य गीती , स्वीन्द्र संगीत जो गीता भवन के शिक्षकों एवं छात्राओं द्वारा रवीन्द्र भवन के गद्य में प्रस्तुत किया गया गायन प्रस्तुति कबे आमि बाहिर होल ओई मौहामानवो निरंतरो अनन्तो आनन्दधारा आमार एई पथ चलातई आनन्द दड़ाओ आमार आखिरो आगे आकाश जुड़े ओई कलाकारों के नाम इस प्रकार था रूपसा सनयाल , शाश्वती सनयाल , रत्ना बक्शी , सानंदा रॉय , बनानी चक्रवर्ती , सुतो बनर्जी , संजय भट्टाचार्य ( ii ) रवीन्द्र नृत्य प्रस्तुति- हे नुतन दिक आरबार श्री रामचन्द्र गोलदार , नृत्य निर्देशक । ( 3 कलाकारों के नाम इस प्रकार था अनुष्का भारती , उर्वशी कश्यप , वंशिका वैभवी उन्नति श्रेष्ठ , प्रोनिशा सनयाल , अलेख्या मंडल , रिति चक्रवर्ती अधिका दर्शन । गायन संजय भट्टाचार्य एवं सुर्वोतो बनर्जी , तबला- ज्योति प्रकाश चक्रवर्ती ध्वनि श्याम प्रकाश अमिताभ दत्ता एवं गुणपति उद्घोषक पार्थ दास मुख्य अतिथि के रूप में पटना विश्वविद्यालय एच ओ डी हिन्दी के श्री तरूण कुमार , रवीन्द्र परिषद् के श्री अशोक कुमार तलापात्र , श्री निशिथ बोस , डॉ मुमता दास शर्मा , श्री अशोक चक्रवर्ती श्री मानस मुखर्जी , श्री प्रदिप्तो मुखर्जी , श्री पार्थ दास , श्री अर्नव चक्रवर्ती श्री देवाशिश गुन , श्री देवाशिश रॉय श्री देवोप्रिय घोष कार्यकारी सदस्य एवं अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे अशोक कुमार तलापात्र संचिव रवीन्द्र परिषद पटना