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ग्राउंड लेवल पर सड़क दुर्घटना पीड़ितों की फर्स्ट ऐड और प्री हॉस्पिटल ट्रीटमेंट के लिए वाहन चालकों को दिया गया विशेष प्रशिक्षण

पटना। आपको बता दें कि सड़क सुरक्षा सप्ताह, 2023 के तहत बिहार सड़क सुरक्षा परिषद द्वारा पटना सहित जिलों में ऑटो एवं बस के चालकों को फर्स्ट ऐड, प्री हॉस्पिटल और सीपीआर की ट्रेनिंग दी गई है। वहीं राज्य स्तर पर बांकीपुर, बस स्टैंड में पटना, एम्स के सहयोग से यह प्रशिक्षण दिया गया। वहीं राज्य परिवहन आयुक्त श्रीमती सीमा त्रिपाठी ने बताया कि राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा सप्ताह के तहत चालकों को फर्स्ट ऐड, प्री हॉस्पिटल ट्रेनिंग और सीपीआर की ट्रेनिंग दी गई। इसके माध्यम से सड़क दुर्घटना के पीड़ितों की जान बचाना है। सड़क दुर्घटना पीड़ितों की समय पर (गोल्डन आवर में) ईलाज मिल जाये तो उनकी जान बच सकती है। वहीं एम्बुलेंस आने से पूर्व घायलों को फर्स्ट ऐड/ सीपीआर या प्री हॉस्पिटल ट्रीटमेंट हो जाने से काफी हद तक बचने की संभावना बढ़ जाती है। इस कार्य के लिए ऑटो एवं बस के चालक फर्स्ट रेस्पांडर के रूप में सबसे कारगर साबित हो सकते हैं। वहीं सड़क सुरक्षा के विभिन्न विषयों पर विशेषज्ञों द्वारा आगे भी समय समय पर इस तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाए जाएंगे, जिससे सड़क दुर्घटनाओं एवं उनके फलस्वरुप होने वाली मृत्यु में कमी लाने की दिशा में कार्रवाई की जा सके। वहीं प्रशिक्षण के दौरान एम्स, पटना के एचओडी ट्रॉमा, डॉक्टर अनिल कुमार ने सीपीआर का लाइव डेमो दिया। उन्होंने बताया कि सड़क हादसा पीड़ित को हॉस्पिटल ले जाने से पूर्व घटना स्थल पर सीपीआर या प्री हॉस्पिटल ट्रीटमेंट देकर उनकी जान बचाई जा सकती है। दुर्घटना पीड़ित के लिए 1-1 मिनट भी काफी कीमती होता है। घटना स्थल पर राहगीर या ऑटो-बस चालक सबसे मुख्य और कारगर रेस्पांडर हो सकते हैं।

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