वर्तमान वित्तीय वर्ष के दिसंबर 2021 तक 1167863 किसान क्रेडिट कार्ड हुए निर्गत। किसानों को के.सी.सी. के सुगम सुलभता हेतु सरकार के सुनिश्चित इंतजाम… उपमुख्यमंत्री
बिहार विधानसभा में अल्पसूचित प्रश्न का जवाब देते हुए बिहार के उपमुख्यमंत्री श्री तारकिशोर प्रसाद ने कहा कि वर्तमान वित्तीय वर्ष 2021-22 में दिसंबर 2021 तक 136265 नए किसान क्रेडिट कार्ड तथा 1031598 किसान क्रेडिट कार्ड का रिन्यूअल सहित कुल 1167863 के.सी.सी. निर्गत किए गए हैं।
उन्होंने बताया कि नए किसान क्रेडिट कार्ड निर्गत करने एवं सुगम सुलभता हेतु राज्य सरकार ने सुनिश्चित प्रयास किए हैं। उन्होंने कहा कि के.सी.सी. के लिए भू-स्वामित्व प्रमाण-पत्र की आवश्यकता होती है, जिसके लिए त्वरित गति से भू-स्वामित्व प्रमाण-पत्र की प्राप्ति हेतु ऑनलाइन व्यवस्था प्रारंभ किया गया है। उन्होंने कहा कि 1.60 लाख तक के के.सी.सी. पर कोई संपार्श्विक प्रतिभूति (कोलेटरल सिक्योरिटी) नहीं ली जातीः किसान बिना किसी संपार्श्विक प्रतिभूति के किसान क्रेडिट कार्ड ले सकते हैं। उन्होंने कहा कि 5 लाख तक के के.सी.सी. के इच्छुक किसानों के लिए जमीन बंधक करने हेतु बंधक विलेख पर किसी प्रकार का निबंधन शुल्क नहीं लिया जाता, ताकि ऋण के इच्छुक किसानों पर कोई अतिरिक्त भार न पड़े। उन्होंने बताया कि अलग-अलग फसलों के लिए वित्तमान राज्य स्तरीय तकनीकी समिति द्वारा निर्धारित कर इसे प्रसारित किया जाता रहा है, ताकि तदनुसार पारदर्शी रीति से किसान ऋण आवेदन कर सकें। उन्होंने बताया कि इसके अलावा राज्य स्तरीय बैंकर्स समिति एवं इसकी उप समितियों की बैठक में किसान क्रेडिट कार्ड ऋण की प्रगति समीक्षा निरंतर की जाती है।
राज्य सरकार के कर्मियों को नई अंशदाई पेंशन योजना लागू करने संबंधी अन्य अल्पसूचित प्रश्न का जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि 01 सितंबर 2005 एवं उसके बाद नियुक्त राज्य कर्मियों के लिए पुरानी पेंशन योजना के स्थान पर नई पेंशन प्रणाली लागू किया गया था। उक्त कर्मियों को पुरानी पेंशन योजना से आच्छादित किए जाने का कोई प्रस्ताव राज्य सरकार के पास विचाराधीन नहीं है।
बिहार विधानसभा में पटना जिला अंतर्गत बेउर थाना क्षेत्र के श्री कृष्ण विहार कॉलोनी के पूर्वी छोर पर बेउर मौजा एवं साईं चक मौजा के बीच अवस्थित आम रास्ता को अतिक्रमण मुक्त करने, सुलभ आवागमन हेतु रास्ते का सीमांकन और पक्कीकरण संबंधित ध्यानाकर्षण प्रस्ताव पर वक्तव्य देते हुए उप मुख्यमंत्री ने कहा कि इस संबंध में संबंधित अंचल अधिकारी, फुलवारी शरीफ को स्थल जांच प्रतिवेदन अविलंब समर्पित करने का निर्देश दिया गया है। उक्त संपूर्ण भूमि की स्थिति स्पष्ट होने के बाद पटना नगर निगम को विभिन्न मदों से प्राप्त होने वाली राशि से नगर निगम बोर्ड के निर्णयानुसार उक्त सड़क के पक्कीकरण की कार्रवाई प्रारंभ की जा सकेगी।