बहुआयामी व्यक्तित्व के धनी डॉ० शैलेंद्रनाथ श्रीवास्तव साहित्य और राजनीति के कुशल शिल्पकार थे…उपमुख्यमंत्री
डॉ० शैलेंद्रनाथ श्रीवास्तव की 86 वीं जयंती के अवसर पर बिहार विधान परिषद् के उप भवन में आयोजित स्मृति पर्व समारोह को संबोधित करते हुए बिहार के उपमुख्यमंत्री श्री तारकिशोर प्रसाद ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता डॉ० शैलेंद्रनाथ श्रीवास्तव साहित्य और राजनीति के कुशल शिल्पकार थे। शिक्षाविद् होने के नाते हमेशा नई पीढ़ी को अपने संस्कारों, संस्कृति और विरासत के प्रति जागरूक करते रहे।
उन्होंने कहा कि साहित्यकार जब राजनीतिज्ञ बनता है तो समाज के अच्छे चेहरे और चरित्र को अपनी लेखनी के माध्यम से प्रस्तुत करता है। शैलेंद्र जी ऐसे मजबूत उदाहरणों में से एक हैं। उनकी रचनाएं एवं विचार आगामी पीढ़ी के लिए सदैव प्रेरणास्रोत बने रहेंगे। वे साहित्य और समाज के सजग प्रहरी के रूप में आजीवन समर्पित रहे।उन्होंने कहा कि साहित्य, भाषा और संस्कृति को समृद्ध करने में शैलेंद्र जी ने बेहद सरलता और मज़बूती के साथ अपना योगदान दिया।
इस मौके पर भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय वरिष्ठ नेता श्री विनय सहस्त्रबुद्धे, केंद्रीय मंत्री श्री अश्विनी कुमार चौबे, बिहार विधान परिषद् के कार्यकारी सभापति श्री अवधेश नारायण सिंह, पटना साहिब के सांसद श्री रविशंकर प्रसाद ने अपने महत्वपूर्ण विचार व्यक्त किए एवं डॉ० शैलेंद्रनाथ श्रीवास्तव के व्यक्तित्व एवं कृतित्व की चर्चा की। इस अवसर पर दीघा के विधायक श्री संजीव चौरसिया, कुम्हरार के विधायक श्री अरुण कुमार सिन्हा, अभिजीत कश्यप, डॉ० शैलेंद्रनाथ श्रीवास्तव के पुत्र श्री पारिजात सौरभ, रविंद्र किशोर सिन्हा सहित स्थानीय गणमान्य नागरिकगण उपस्थित थे।