सरकारी सिस्टम फेल ! पटना में चल रहा है “गेल ” का खेल !
एक तरफ बिहार सरकार पटना में प्रदूषण नियंत्रण को लेकर डीजल गाड़ियों को प्रतिबंधित कर CNG को बढ़ावा देने पर जोर दे रही है तो दूसरी तरफ सरकारी तंत्र और “गेल” कंपनी के मिली भगत से CNG से अपनी गाड़ी चलाने वालों चालकों की जेब काटी जा रही है! सरकार ने शुरुआत में प्रदूषण के साथ डीजल एवं पेट्रोल के बढ़ते कीमत का हवाला देकर ऑटो चालकों को CNG से परिचालन करने पर बाध्य किया !लेकिन कुछ ही दिनों के बाद गेल कंपनी ने अपना असली रंग दिखाना शुरू कर दिया!नतीजा ये हुआ कि CNG भी डीजल एवं पेट्रोल का तेजी से पीछा करते हुए आज पटना में 83 रुपये प्रति Kg के हिसाब से मिलने लगा है लेकिन बात यहीं पे खत्म नही हो जाती ? अब तो पेट्रोल पंप वालो ने खुलेआम लूट मच दी है! ऑल इंडिया रॉड ट्रांसपोर्ट फेडरेशन बिहार के महासचिव राजकुमार झा एवं ऑटो रिक्शा चालक संघ के अध्यक्ष पप्पू यादव ने प्रेस को बताया कि चार Kg क्षमता वाले ऑटो के CNG सिलेंडर में पेट्रोल पंप वाले का मीटर छः Kg बता रहा है और वो लोग ऑटो चालकों से छः Kg का पैसा वसूल रहे हैं!जिसके विरोध में ऑटो चालकों ने आज बहादुर पुर पेट्रोल पम्प पर जमकर बिरोध किया एवं घण्टो तक सड़क को जाम कर दिया जिसके बाद आक्रोशित चालको को समझ बुझा कर शान्त किया गया !इतना ही नही हर पेट्रोल पम्प पर पम्प मालिक के इशारे पर मीटर रीडिंग के अलावा 10 रुपये से 50 रुपये तक एक्स्ट्रा चार्ज किया जाता है और अगर चालक इसका विरोध करते है तो या तो उसके साथ मारपीट किया जाता है या फिर कुछ देर के लिए गैस देना बंद कर दिया जाता है!एक तो पहले से ही ऑटो चालक चार चार घण्टे से लाइन में खड़े रहते है ऊपर से गैस देना बंद कर देने पर ऑटो चालक मजबूर होकर उन्हें पैसा देते है! कई बार आवाज उठाया गया पर जिला प्रशासन मौन है इससे साफ जाहिर होता है कि पम्प मलिकों और जिला प्रशासन के मिली भगत से ये खेल हो रहा है !लेकिन गेल के इस खेल को बर्दाश्त नही किया जाएगा !दिनांक 5/5 2022 को पटना जंक्शन के पास 2 बजे दिन में जबरदस्त आक्रोश प्रदर्शन किया जाएगा !